अनिल साहू पाटन—–
पाटन। पाटन में आज भव्य हिंदू सम्मेलन का आयोजन संपन्न हुआ। इस कार्यक्रम में सनातन धर्म की एकजुटता और सामाजिक समरसता का अनूठा संगम देखने को मिला। कार्यक्रम में में संत महात्मन्य, सामाजिक प्रमुखों और क्षेत्र के प्रबुद्ध नागरिकों ने शिरकत की।
संतों का मार्गदर्शन और सामाजिक एकता पर जोर
सम्मेलन की शुरुआत दीप प्रज्वलन के साथ हुई। मंच पर उपस्थित पूज्य संतों ने अपने संबोधन में धर्म के संरक्षण, संस्कारों के महत्व और समाज में आपसी भाईचारे पर विशेष जोर दिया। समाज प्रमुखों ने भी अपने विचार साझा करते हुए हिंदू समाज को संगठित होकर राष्ट्र निर्माण में योगदान देने का आह्वान किया।
युवाओं ने पेश की सेवा की मिसाल
इस सम्मेलन का मुख्य आकर्षण युवाओं का उत्साह रहा। केवल वैचारिक चर्चा ही नहीं, बल्कि सेवा भाव का परिचय देते हुए सम्मेलन स्थल पर आयोजित रक्तदान शिविर में युवाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
रक्तदान: पचास से आधिक युवाओं ने जरूरतमंदों की मदद के लिए रक्तदान किया।
कार्यक्रम के दौरान युवाओं ने अनुशासन के साथ व्यवस्था संभाली और सामाजिक कार्यों में सक्रिय रहने का संकल्प लिया।
विभिन्न समाजों के प्रमुखों की मौजूदगी ने एकता का संदेश दिया। संतों ने युवाओं को व्यसन मुक्ति और स्वदेशी अपनाने की सीख दी।
पाटन के अलावा आसपास के गांवों से भी भारी संख्या में लोग पहुंचे।
“इस तरह के आयोजन समाज को नई दिशा देते हैं। रक्तदान कर युवाओं ने यह सिद्ध कर दिया कि सेवा ही सबसे बड़ा धर्म है।







